प्रेम सब से खूबसूरत पीर है
पूर्णिमा ही चंद्र की तकदीर है
प्रेम पंथ के यात्रियों की सूचि में
जॉन गोपीचंद और बलबीर है
चांद को ब्रह्मोस ने समझा दिया
स्वर्ग है ये हिंद का कश्मीर है
थे कबूतर हाथ में कल तक मगर
आज घातक नाग जैसा तीर है
सोफिया ने ये बताया है उसे
हिंद की प्रत्येक नारी वीर है
शक्ति ही है शांति की माता ‘कुमार’
शक्तिशाली का जगत में नीर है
कुमार अहमदाबादी
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