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बुधवार, जुलाई 31

प्रमाण पत्र

सीमा व पवन बेचैनी से इंतजार कर रहे थे। दोनों की नजर दरवाजे पर लगी थी। चंद पलों के बाद लेबर कम ऑपरेशन कक्ष का दरवाजा खुला।

लेडी डॉक्टर दोनों के पास आकर उन को बधाई देते हुए बोली "आप की इच्छा पूरी हो गई है। अनिता ने कन्या को जन्म दिया है। आप नाना नानी बन गये हैँ।"

सीमा व पवन मुस्कराते लगे। मुस्कराहट के बाद सीमा बोली "डॉक्टर साहिबा, हम नाना नानी नहीं: दादा दादी बने हैं।" एक पल हैरान व आश्चर्यचकित होने के बाद लेडी डॉक्टर की नजरोँ में प्रशंसा का सागर लहराने लगा।
कुमार अहमदाबादी

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